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सफेद दाग का कारण, लक्षण और इलाज (Vitiligo)

Dermatology | by Dr. Ruben Bhasin Passi on Mar 26, 2022 | Last Updated : Mar 31, 2026

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एलर्जी, स्किन इंफेक्शन, खून से संबंधित बीमारी या विकार, गलत खान-पान, आनुवंशिकी और दूसरे कारणों से मनुष्य को त्वचा से संबंधित कई तरह की बीमारियां होती हैं। सफेद दाग यानी विटिलिगो (Vitiligo in Hindi) भी उन्हीं में से एक है।

सफेद दाग (विटिलिगो) क्या होता है (Vitiligo meaning)

आपने जीवन में कभी न कभी ऐसे इंसान को अवश्य देखा होगा जिसके हाथ, पैर, चेहरे या शरीर के दूसरे अंगों की त्वचा पर सफेद दाग या धब्बे होंगे।

त्वचा के इसी सफेद दाग को अंग्रेजी में विटिलिगो कहते हैं। यह त्वचा का रोग है जिससे पीड़ित मनुष्य के शरीर के अलग-अलग हिस्सों में सफेद दाग हो जाते हैं।

शुरुआत में सफेद दाग मरीज के चेहरे, होंठ, हाथ, पांव और कोहनी आदि में छोटे-छोटे सफेद धब्बे के रूप में पनपते हैं। उसके बाद, धीरे-धीरे ये छोटे धब्बे आपस में मिलकर एक बड़ा दाग/धब्बा का रूप ले लेते हैं।

सफेद दाग (विटिलिगो) के प्रकार (Types of vitiligo)

सफेद दाग यानी विटिलिगो का प्रकार उसके रंग और आकार पर निर्भर करता है। 2020 की एक समीक्षा के अनुसार, सफेद दाग के निम्न प्रकार होते हैं:-

  • यूनिवर्सल विटिलिगो (Universal vitiligo):- इस प्रकार का सफेद दाग त्वचा के लगभग सभी हिस्सों को प्रभावित करता है।
  • सेगमेंटल विटिलिगो (Segmental vitiligo):- यह शरीर के किसी एक खास हिस्से में होता है। अधिकतर मामलों में यह 1-2 सालों तक बढ़ता है। उसके बाद, यह अपने आप ही रुक जाता है।
  • सामान्यीकृत विटिलिगो (Generalised vitiligo):- यह सबसे सामान्य प्रकार का सफेद दाग है। यह शरीर के किसी भी हिस्से में हो सकता है। यह कभी भी विकसित हो सकता है या रुक भी सकता है।
  • फोकल विटिलिगो (Focal vitiligo):- इस प्रकार के सफेद दाग का आकार छोटा होता है और यह शरीर के कुछ ख़ास हिस्सों में होता है।
  • एक्रोफेसियल विटिलिगो (Acrofacial vitiligo):- इस प्रकार का सफेद दाग केवल चेहरे, हाथों और कभी-कभी पैरों में होता है।

सफेद दाग क्यों होता है (What are the causes of vitiligo)

मेलेनोसाइट्स नामाक कोशिकाएं त्वचा को प्राकृतिक रंग प्रदान करती हैं, लेकिन जब किसी कारणों से ये कोशिकाएं नष्ट होने लगती हैं और अपना काम करना बंद कर देती हैं तो त्वचा का रंग बदलने लगता है। नतीजतन, त्वचा पर सफेद धब्बे दिखाई देने लगते हैं।

अभी तक इस बात का पता नहीं लगाया जा सका है कि मेलेनोसाइट्स कोशिकाएं क्यों नष्ट होती हैं। आमतौर पर इसे कुछ संभावित कारणों से जोड़ा जाता है जिसमें निम्नलिखित शामिल हों:-

  • परिवार में पहले से किसी को यह बीमारी होना 
  • स्वप्रतिरक्षित रोग जैसे कि टाइप 1 डायबिटीज या थायरॉइड होना
  • त्वचा को अधिक तनाव, धुप या औधोगिक केमिलैक्स के संपर्क में आना
  • ऐसा विकार होना जिसमें रंग त्वचा का उत्पन्न करने वाली कोशिकाएं नष्ट हो जाती हैं

सफेद दाग (विटिलिगो) के प्रारंभिक लक्षण (Early Symptoms of vitiligo)

सफेद दाग का सबसे बड़ा लक्षण है मरीज के शरीर पर छोटे या बड़े सफेद दाग या धब्बे दिखाई देना। इसके अलावा, इस बीमारी से पीड़ित मरीज को प्रभावित क्षेत्रों में खुजली हो सकती है। शरीर के जिन हिस्सों में सफेद दाग होते हैं वहां खुजली होना आम बात है।

आमतौर पर सफेद दाग से पीड़ित मरीज को किसी प्रकार की तकलीफ नहीं होती है। लेकिन शरीर पर सफेद दाग होने के कारण मरीज कुरूप या डरावना दिखाई देता है जिसके कारण मरीज तनाव, हीन भावना और अवसाद का शिकार हो सकता है।

विटिलिगो का उपचार (Treatments for vitiligo)

सफेद दाग का इलाज कई तरह से किया जाता है, लेकिन इसका इलाज काफी बातों पर निर्भर करता है जिसमें मुख्य रूप से निम्न शामिल हैं:-

  • सफेद दाग का प्रकार
  • सफेद दाग की संख्या और आकार
  • इलाज के लिए मरीज की प्राथमिकता

सभी उपचार हर मरीज के लिए उचित नहीं होता है, क्योंकि इससे साइड इफेक्ट्स का खतरा रहता है। यही कारण है कि डॉक्टर मरीज की उम्र, पहले से चल रही दवा, एलर्जी, सफेद दाग के प्रकार और संख्या आदि को ध्यान में रखते हुए इलाज के प्रकार का चुनाव करते हैं।

सफेद दाग के उपचार का असर दिखने में समय लग सकता है। सफेद दाग के उपचार में निम्न शामिल हैं:-

  • दवाएं
  • लाइट थेरेपी
  • डिपिगमेंटेशन
  • सर्जिकल स्किन ग्राफ्टिंग
  • जीवनशैली और खानपान में बदलाव

अगर आप सफेद दाग से पीड़ित हैं तो अभी अप्वाइंटमेंट बुक कर हमारे त्वचा विशेषज्ञ से परामर्श कर सकते हैं। अपॉइंटमेंट बुक करने के लिए आप इस पेज के ऊपर दायीं तरफ दिए गए बुक अपॉइंटमेंट बटन का इस्तेमाल कर सकते हैं।

ध्यान देने वाली बात

सफ़ेद दाग का बचाव करने की नियत से ऊपर दिए गए किसी भी तरीके/उपाय का इस्तेमाल करने से पहले एक बार डॉक्टर से अवश्य परामर्श करें।

सफ़ेद दाग दे पीड़ित होने की स्थिति में अपने मन मुताबिक किसी भी सब्जी, फल का सेवन, दूसरी घरेलू उपायों या नुस्खों, क्रीम, पाउडर, साबुन या दूसरी चीजों का इस्तेमाल नुकसानदायक साबित हो सकता है।

डॉक्टर आपके सफ़ेद दाग की गंभीरता, आपकी उम्र, समग्र स्वास्थ्य, पहले से चल रही दूसरी दवाओं और एलर्जी आदि को ध्यान में रखते हुए आपकी डाइट, दवा और इलाज के दूसरे माध्यम का चुनाव करते हैं ताकि साइड इफेक्ट्स का खतरा कम से कम या न के बराबर हो। 

सफेद दाग में डाइट कैसा होना चाहिए (Vitiligo diet chart)

हालांकि, आधिकारिक तौर पर अभी तक किसी खास “विटिलिगो डाइट” की लिस्ट निर्धारित नहीं हुई है। लेकिन आप कुछ ऐसे कदम उठा सकते हैं जिससे सफेद दाग में फायदा हो सकता है जैसे कि पर्याप्त मात्रा में पानी पीना और स्वस्थ डाइट लेना।

सफेद दाग से पीड़ित लोगों के मुताबिक, नीचे दी गई चीजों का सेवन इस बीमारी में मददगार साबित हो सकता है:-

  • केला
  • सेब
  • हरी पत्तेदार केल और रोमेन लेट्यूस
  • गाजर
  • मूली
  • चुकंदर
  • अंजीर
  • खजूर

जैसे चिकित्सा की दृष्टिकोण से खास खानपान की कोई लिस्ट नहीं है, वैसे ही चिकित्सा की दृष्टि से ऐसी कोई लिस्ट तैयार नहीं की गई है जिससे सफेद दाग से पीड़ित मरीज को बचना चाहिए।

सफेद दाग से पीड़ित मरीजों के अनुसार निम्न वस्तुओं का सेवन नुकसानदायक साबित हो सकता है:-

  • शराब
  • ब्लूबैरिज
  • सिट्रस
  • कॉफी
  • दही
  • मछली
  • फलों का रस
  • करौंदा
  • अंगूर
  • अचार
  • लाल मांस
  • टमाटर
  • अनार
  • गेंहू के उत्पाद
  • रहिला
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Written and Verified by:

MBBS, MD - Dermatology , Venereology & Leprosy Senior Consultant - Dermatology Dr. Ruben Bhasin Passi is a certified dermatologist, cosmetologist and laser surgeon with a wide experience in clinical as well as aesthetic dermatology. She completed her MBBS in 2012 followed by her MD in Dermatology, Venereology and Leprology in 2015 from Pune.   She has done thousands of...